शासकीय जमीन पर कब्जा व फर्जी रजिस्ट्री कर जमीन की बिक्री करने के मामले में एक और अन्य आरोपी को पकड़ने में दुर्ग पुलिस को मिली सफलता

दुर्ग | दुर्ग जिले में शासकीय भूमि पर कब्जा कर फर्जी रजिस्ट्री कर विक्रय करने के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने एक और आरोपी राजेन्द्र प्रसाद को गिरफ्तार किया है, जो भिलाई का निवासी है।
आरोपी पर आरोप है कि उसने हरिश राठौर को फर्जी दस्तावेज़ बनाने के लिए प्रेरित किया और फर्जी आदमी खड़ा कर आरोपियों कार्तिक शर्मा, जलंधर, और एन. धन राजू के साथ मिलकर फर्जी रजिस्ट्री कर लोगों के साथ धोखाधड़ी की।
इस मामले में पहले ही 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। गिरफ्तार आरोपियों में कार्तिक शर्मा, हरिश राठौर, संतोष कुमार साहू, और अन्य शामिल हैं।
इस मामले की शुरुआत तब हुई जब क्षमा यदू, अतिरिक्त तहसीलदार, दुर्ग ने 21 मार्च 2023 को थाना वैशाली नगर में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के अनुसार, खसरा नंबर 5407/7, बाबादीप सिंह नगर से संबंधित शासकीय भूमि को फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से विक्रय किया गया था। जांच में यह पता चला कि एन. धन राजू और अन्य आरोपियों ने मिलकर इस भूमि को फर्जी तरीके से विक्रय किया।
राजेन्द्र प्रसाद पर आरोप है कि उसने हरिश राठौर को फर्जी दस्तावेज तैयार करने के लिए कहा और फर्जी पहचानकर्ता खड़े किए। इसके बाद आरोपियों ने मिलकर इस भूमि की रजिस्ट्री 10-10 लाख रुपये में की।
गिरफ्तार आरोपियों की सूची:
अरविन्द भाई उर्फ पुरुषोत्तम डोंगरे
तिलकचंद गोंडाने
खेमचन्द उर्फ खेमू डोंगरे
हरिशचन्द राठौर
संतोष कुमार साहू
दीपक उर्फ दीपू मानिकपुरी
हेमन्त सोनवानी
टीकाराम महोबे उर्फ भाउ
संजय शर्मा
कार्तिक शर्मा
राजेन्द्र प्रसाद (नवीनतम आरोपी)
प्रकरण की विवेचना के दौरान यह भी पाया गया कि रजिस्ट्री में अरविन्द भाई के खाते की जानकारी नहीं दी गई थी, जिससे यह मामला और गंभीर हो गया है।
पुलिस ने राजेन्द्र प्रसाद को 09 फरवरी 2025 को गिरफ्तार किया और मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।














